नई शिक्षा नीति पर सभी राज्यपालों को राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री करेंगे संबोधित

नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति भारत को न्यायसम्मत और जागरूक समाज बनाने का प्रयास करती है। यह ऐसी भारत-केंद्रित शिक्षा प्रणाली की परिकल्पना करती है जो भारत को वैश्विक महाशक्ति बनाने में सीधे योगदान करती है।

Updated On: Sep 6, 2020 16:22 IST

Dastak Web Team

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आईएएनएस। शिक्षा मंत्रालय द्वारा राष्ट्र शिक्षा नीति 2020 की भूमिका पर आयोजित होने वाले सम्मेलन में कल सोमवार सुबह 10:30 बजे राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश के सभी राज्यपालों को संबोधित करेंगे। राष्ट्र शिक्षा नीति-2020 इक्कीसवीं सदी की पहली शिक्षा नीति है।इससे पहले 1986 में शिक्षा में बड़े बदलाव किए गए थे। इस शिक्षा नीति के तहत प्राइमरी स्कूल से लेकर विश्वविधालयों में बड़े सुधार किए गए हैं।

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केन्द्र सरकार के अनुसार नई शिक्षा नीति देश की प्रणाली में आदर्श बदलाव लाएगी और प्रधानमंत्री द्वारा सोचे गए एक नए आत्मनिर्भर भारत बनाने की दिशा में सक्षम और सुदृढ़ शैक्षिक पारिस्थितिकी तंत्र का निर्माण करेगी। देश भर में नई शिक्षा नीति 2020 के अलग-अलग पहलूओँ पर कई वेबिनार, वर्चअल कॉन्फेंस और कॉन्कलेव आयोजित किए जा चुके हैं

केंद्र सरकार ने एक आधिकारिक वक्तव्य में कहा, नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति भारत को न्यायसम्मत और जागरूक समाज बनाने का प्रयास करती है। यह ऐसी भारत-केंद्रित शिक्षा प्रणाली की परिकल्पना करती है जो भारत को वैश्विक महाशक्ति बनाने में सीधे योगदान करती है।

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आपको बता दें कि शिक्षा मंत्रालय और विश्वविधालयों अनुदान आयोग ने पहले राष्ट्रीय शिक्षा नीति2020 के तहत उच्च शिक्षा में परिवर्तनकारी सुधारों पर पहले भी सम्मेलनों का आयोजन कर चुका है जिसे प्रधानमंत्री मोदी ने संबोधित किया था। 7 सितम्बर को इस सम्मेलन राज्यपालों के अलावा सभी राज्यों के शिक्षा मंत्री, राज्य विश्वविद्यालयों के कुलपति और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल होंगे।

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