70 साल के व्यक्ति ने जीती कोरोना से जंग, लेकिन अस्पताल ने थमा दिया 8 करोड़ का बिल

पूरी दुनिया इस वक्त कोरोना के गिरफ्त में है। दुनिया में कोरोना वायरस से संक्रमितों की संख्या 75 लाख के पार हो चुकी है। ऐसे में एक बेहद ही चौकाने वाली खबर है। जहां कोरोना के इलाज के लिए एक अस्पताल ने इतना मंहगा बिल बनाया है कि आप यकीन नहीं कर पाएंगे।

Updated On: Jun 14, 2020 19:05 IST

Dastak Web Team

Photo : Twitter

पूरी दुनिया इस वक्त कोरोना के गिरफ्त में है। दुनिया में कोरोना वायरस से संक्रमितों की संख्या 75 लाख के पार हो चुकी है। ऐसे में एक खबर बेहद ही चौकाने वाली है। जहां कोरोना के इलाज के लिए एक अस्पताल ने इतना मंहगा बिल बनाया है कि आप यकीन नहीं कर पाएंगे। यह रकम 8.35 करोड़ की है। 181 पेज के बिल के साथ अस्पताल ने इस रकम की पेशकश की है। हम आपको बताते है कि पूरा मामला क्या है।

अमेरिका के सिएटल निवासी माइकल फ्लोर कोरोना वायरस की लड़ाई लड़कर ठिक तो हो गए हैं। लेकिन इसके लिए उन्हें अस्पताल से भारी भरकम बिल मिले हैं। माइकल फ्लोर सबसे लंबे समय तक अस्पताल में भर्ती रहने वाले कोविद-19 मरीज के रूप में जाने जाते हैं। 70 वर्षीय फ्लोर जब ठिक हो गए, तो अस्पताल ने उन्हें कोरोना वायरस के इलाज के लिए 11 लाख डॉलर का बिल थमा दिया।

क्या है पूरा मामला-

अमेरिका में माइकल फ्लोर नाम के एक शख्स कोविद-19 से संक्रमित थे। जब वो कोरोना से लड़कर ठिक हो गए तो स्वीडिश मेडिकल सेंटर ने फ्लोर को इलाज के बाद 181 पेज का बिल दिया। इस बिल में हर दिन में 50 चीजों के हिसाब से करीब 3 हजार चीजों की लिस्ट थी। 42 दिन स्पेशल आइसोलेशन चैंबर वाले इंटेंसिव केयर यूनिट के लिए 4 लाख 8 हजार 91 डॉलर और 29 दिन वेंटिलेटर के लिए 82 हजार 215 डॉलर का बिल बनाया गया।

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डेली मेल अखबार के मुताबिक-

वहीं डेली मेल अखबार ने सिऐटल टाइम्स के हवाले से लिखा है कि इलाज के दौरान जब फ्लोर का दिल, किडनी और फेफड़े फेल होने लगा था और वह जिंदगी और मौत के बीच लड़ रहा था। तब उनकी जान बचाने के लिए अस्पताल ने जो इलाज किए। उसका बिल सिर्फ एक लाख डॉलर बना है। इसके अलावा बिल की एक-चौथाई कीमत दवाओं की है।

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फ्लोर के पास बीमा की सुविधा-

बता दें यह बिल तकनीकी रूप से शुल्कों का स्पष्टीकरण है, क्योंकि फ्लोर के पास बीमा है। इसलिए उन्हें इसका अधिकांश हिस्सा नहीं चुकाना पड़ेगा। कोरोना काल के दौरान कांग्रेस के द्वारा बनाए गए विशेष नियमों के मुताबिक ज्यादातर बिल टैक्सपेयर के हिस्से से जाएगा। सिऐटल टाइम्स के मुताबिक कांग्रेस ने 100 बिलियन डॉलर से ज्यादा राशि अस्पतालों और बीमा कंपनियों को महामारी के दौरान आर्थिक संकट से बचाने के लिए दी है।

बिल देखकर फ्लोर स्तब्ध हो गए उनका कहना है कि उन्हें बिल देखकर बहुत बुरा लगा। मुझे जिंदा बचने के लिए बुरा लग रहा है। क्या मुझे इसका हक था। बता दें अमेरिका की स्वास्थ्य बीमा योजना के मुताबिक कोरोना वायरस के इलाज में औसतन 30 हजार डॉलर खर्च होते हैं।

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