लालकिले से गायब नहीं हुई नेताजी सुभाष चंद्र बोस की टोपी, पढ़ें उसे कहां भेजा गया

संस्कृति मंत्रालय ने एक बयान जारी कर जानकारी दी है कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस की टोपी लालकिले से गायब नहीं हुई है। सोशल मीडिया पर ऐसी अफवाहें हैं लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ है।

Updated On: Jun 28, 2021 13:40 IST

Dastak

Photo Source- Social Media

संस्कृति मंत्रालय ने एक बयान जारी कर जानकारी दी है कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस की टोपी लालकिले से गायब नहीं हुई है। मंत्रालय के अनुसार सोशल मीडिया पर कुछ लोगों द्वारा टोपी के खो जाने की अफवाह उड़ाई जा रही है लेकिन ऐसा नहीं है। मंत्रालय ने जानकारी दी है कि नेता जी की टोपी के साथ दो दर्जन से अधिक कलाकृतियों सहित कोलकाता में विक्टोरिया मेमोरियल को वहां लगने वाली प्रदर्शनी के लिए कुछ समय के लिए दी गई है।

मंत्रालय के अनुसार नेताजी के परिवार द्वारा उनका दुर्लभ व्यक्तिगत सामान उपहार के रुप में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र को उपहार स्वरुप दिया गया था। 2019 में प्रधानमंत्री ने लाल किले में स्थित सुभाष चंद्र बोस संग्रहालय का उद्घाटन करते हुए वहां एक उनकी टोपी खुद प्रदर्शनी के लिए रखी थी।

हाल ही में लॉकडाउन के बाद लालकिला फिर से खुला है, जिसमें वहां घूमने आने वाले लोगों ने कई खाली डिस्प्ले बॉक्सों को देखा। संस्कृति मंत्रालय और भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) ने मीडिया को लालकिले से किसी भी कलाकृति के गायब होने की बात से इंकार किया है। नेता जी सुभाष चंद्र बोस की 125 वीं जयंती के अवसर पर 23 जनवरी को कोलकाता के विक्टोरिया मेमोरियल में इन कलाकृतियों का प्रदर्शन किया गया था।

इन कलाकृतियों को लाल किला संग्रहालय से एएसआई द्वारा विक्टोरिया मेमोरियल में प्रदर्शित करने के लिए उधार लिया गया था। जिसमें सभी उचित प्रक्रियाओं का पालन किया गया है, और एमओयू भी साइन किया गया है। दोनों संगठनों के बीच साइन किया गया संबधित एमओयू छह माह के लिए वैध है और उसे नियम के मुताबिक एक साल के लिए आगे भी बढाया जा सकता है।

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वहीं रविवार रात इस संबध में केंद्रीय संस्कृति मंत्री प्रह्लाद पटेल ने ट्वीट कर जानकारी दी है कि 'नेताजी सुभाष चंद्र बोस की टोपी और उनकी तलवार पूरी तरह सुरक्षित हैं। एएसआई ने विक्टोरिया मेमोरियल कोलकाता को नेताजी से जुड़ी 24 चीजें कर्ज पर दी हैं। ये नेताजी की 125वीं जयंती के अवसर पर आयोजित प्रदर्शनी के लिए दिए गए थे। उन्हें जल्द ही वापस लाया जाएगा।"

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