कांग्रेस मुख्यालय में मिलते नजर आए क्रिश्चियन मिशेल के वकील और कांग्रेस महासचिव

0
Aljo K Joseph meets Congress General Secretary Deepak Babaria
Photo grab from ANI Video

अगस्ता वेस्टलैंड मामले का कांग्रेस कनेक्शन सामने आ रहा है। कांग्रेस मुख्यालय से जो वीडियो सामने आई है उससे तो यही लग रहा है। नई दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय में क्रिश्चियन मिशेल के वकील अल्जो के जेशोप और कांग्रेस महासचिव दीपक बाबराई मिलते हुए नजर आ रहे हैं। वीडियो खबर के निचले हिस्से में लगाई गई है।

समाचार एजेंसी एएनआई ने अपने ट्वीटर हैंडल पर एक सात सेंकड की वीडियो जारी की है जिसमें वकील अल्जो के जेशोप और कांग्रेस के जरनल सेक्रेट्री दीपक बाबराई कांग्रेस मुख्यालय में बातचीत करते हुए नजर आ रहे हैं।

इस मामले पर मिशेल के वकील एल्जो का भी पक्ष सामने आया है। उन्होंने कहा कि मैं एक सभ्य वकील हूं। मैंने पेशेवर तरीके से मिशेल का केस लिया है। अगर कोई मुझे क्लाइंट की तरफ से पेश होने को कहता है तो मैं एक वकील के रुप में पेश होता हूं। इसका कांग्रेस के साथ कोई लेनादेना नहीं है।

उन्होंने आगे कहा कांग्रेस के साथ मेरा रिश्ता अलग है, मेरा पेशा अलग है। मेरे दोस्तों में से एक, जिनके पास कुछ दुबई कनेक्शन थे, उनके माध्यम से इटली के वकील ने इस केस के लिए अनुरोध किया था। इसलिए मैं इस मामले में सहायता करने के लिए पेशवर तरीके से आगे आया हूं।

आपको बता दें अगस्ता वेस्टलैंड हेलिकॉप्टर सौदे में बिचौलिए के भूमिका निभाने वाले क्रिश्चियन मिशेल को भारत लाने के बाद आज सीबीआई की विशेष अदालत में पेश किया गया। अदालत ने मिशेल को पांच दिन के सीबीआई के रिमांड पर भेजा है। वकील यूथ कांग्रेस लीगल डिपार्टमेंट के नेशनल इंचार्ज भी हैं।

अदालत में सुनवाई के लिए जाते समय मिशेल को भारतीय मीडिया ने घेर लिया और उसपर सवालों की बौछार कर दी। लेकिन मिशेल को सुरक्षाकर्मी मीडिया से बचाते हुए कोर्ट के अंदर ले गए। मिशेल ने मीडिया के सवालों का कोई जवाब नहीं दिया है।

अगस्ता वेस्टलैंड मामला : मीडिया के सवालों से बचते नजर आए मिशेल, पांच दिन के सीबीआई रिमांड पर

माना जा रहा है कि मिशेल अपनी गवाही में भारत के उन नेताओं और नौकरशाहों के नाम उगल सकता है जिन्होंने 3600 करोड़ रुपए के वीवीआईपी हेलीकॉप्टर सौदे के लिए कथित तौर पर रिश्वत ली थी।

मैदान पर हार न मानने वाले गंभीर ने चयनकर्ताओं से मानी हार, लेंगे सन्यास

 माना जा रहा है कि इससे राफेल सौदे को लेकर कांग्रेस का बीजेपी पर दबाव कम होगा। क्योंकी अगस्ता वेस्टलैंड सौदे में कई बडे कांग्रेसी नेताओं के नाम सामने आ सकते हैं। जिससे भाजपा को कांग्रेस पर आक्रमक होने का मौका मिलेगा। साथ ही इसका फायदा 2019 लोकसभा चुनाव में भी मिल सकेगा।

Leave a Reply